आध्यात्मिकहिंदी

पांचवे नवरात्र पर स्कंदमाता को पूजें

स्कंदमाता रानी की चार भुजाएं हैं जिनमें से माता रानी ने अपने दो हाथों में कमल का फूल पकड़ा हुआ है। उनकी एक भुजा ऊपर की ओर उठी हुई है, जिससे माता रानी भक्तों को आशीर्वाद देती हैं और एक हाथ से उन्होंने गोद में बैठे अपने पुत्र स्कंद को पकड़ा हुआ है। माता रानी कमल के आसन पर विराजमान रहती हैं। इसीलिए इन्हें पद्मासना भी कहा जाता है। स्कंदमाता जी का वाहन सिंह है।

Image result for स्कन्दमाता

स्कन्दमाता की आरती

जय तेरी हो अस्कंधमाता।
पांचवा नाम तुम्हारा आता॥

सबके मन की जाननहारी।
जगजननी सबकी महतारी॥

तेरी ज्योत जलाता रहू मै।
हरदम तुम्हे ध्याता रहू मै॥

कई नामो से तुझे पुकारा।
मुझे एक है तेरा सहारा॥

कही पहाड़ो पर है डेरा।
कई शेहरो मै तेरा बसेरा॥

हर मंदिर मै तेरे नजारे।
गुण गाये तेरे भगत प्यारे॥

भगति अपनी मुझे दिला दो।
शक्ति मेरी बिगड़ी बना दो॥

इन्दर आदी देवता मिल सारे।
करे पुकार तुम्हारे द्वारे॥

दुष्टदत्यज बचढ़कर आये।
तुम ही खंडा हाथ उठाये॥

दासो को सदा बचाने आई।
‘भक्त’ की आस पुजाने आई॥

स्कन्दमाता का स्तोत्र पाठ

नमामि स्कन्दमाता स्कन्दधारिणीम्।
समग्रतत्वसागररमपारपार गहराम्॥

शिवाप्रभा समुज्वलां स्फुच्छशागशेखराम्।
ललाटरत्नभास्करां जगत्प्रीन्तिभास्कराम्॥

महेन्द्रकश्यपार्चिता सनंतकुमाररसस्तुताम्।
सुरासुरेन्द्रवन्दिता यथार्थनिर्मलादभुताम्॥

अतर्क्यरोचिरूविजां विकार दोषवर्जिताम्।
मुमुक्षुभिर्विचिन्तता विशेषतत्वमुचिताम्॥

नानालंकार भूषितां मृगेन्द्रवाहनाग्रजाम्।
सुशुध्दतत्वतोषणां त्रिवेन्दमारभुषताम्॥

सुधार्मिकौपकारिणी सुरेन्द्रकौरिघातिनीम्।
शुभां पुष्पमालिनी सुकर्णकल्पशाखिनीम्॥

तमोन्धकारयामिनी शिवस्वभाव कामिनीम्।
सहस्त्र्सूर्यराजिका धनज्ज्योगकारिकाम्॥

सुशुध्द काल कन्दला सुभडवृन्दमजुल्लाम्।
प्रजायिनी प्रजावति नमामि मातरं सतीम्॥

स्वकर्मकारिणी गति हरिप्रयाच पार्वतीम्।
अनन्तशक्ति कान्तिदां यशोअर्थभुक्तिमुक्तिदाम्॥

पुनःपुनर्जगद्वितां नमाम्यहं सुरार्चिताम्।
जयेश्वरि त्रिलोचने प्रसीद देवीपाहिमाम्॥

मंत्र

ॐ हरीम श्री स्कंदमाता दुर्गाये नमः

भोग व प्रसाद

स्कंदमाता रानी को केले के फल का भोग लगाना चाहिए और भोग लगाने के बाद प्रसाद के रूप में खुद भी ग्रहण करना चाहिए।

सफलता पाने के लिए माँ स्कंद माता की सच्चे दिल सेआराधना करनी चाहिए मंत्र का कम से कम 1 माला जाप करे, स्त्रोत पढ़े और आरती करे।

If you are facing problems in your carrier, married life, child problem or any other issue related to your life concern with Acharya Indu Prakash “Worlds Best Astrologer”.

For More Details or Information Call – 9971-000-226.

To know more about yourself. watch ‘Bhavishyavani’ show.

Leave a Response