bhavishyavaniआध्यात्मिक

अक्षय नवमी – जीवन में कैसे पाएं गगनचुम्बी सफलता

यदि आप अक्षय पुण्य प्रप्ति की कामना रखते है, जीवन में गगनचुम्बी सफलता हासिल कर लेना चाहते है और विजयी भव का वरदान भी एक ही झटके में पा लेना चाहते है तो अक्षय नवमी के दिन आवले के वृक्ष की पूजा करके उस के सानिध्य में भोजन करना न भूलें |

प्रकृति से हमें तरह-तरह की वनस्पतियां मिली हैं और हर वनस्पति का अपना अलग गुण धर्म है। हमारा षरीर भी पंचतत्वों से र्निमित है और प्रति क्षण हम जो सांस ले रहे है। उसमें इन वनस्पतियों के तत्व समाहित हैं जो हमारे अच्छे स्वास्थ के लिये जरुरी भी है। अक्षय नवमी के दिन आवले के वृक्ष की पूजा अर्चना करना व जल चढाना हल्दी अक्षत रोली अर्पित करना और धागों को वृक्ष के चारों ओर लपेटना और वृक्ष के निचे बैठ कर भोजन करना यह सभी प्रक्रिया रंग चिकित्सा, सूर्य की किरणों के अपरर्वतन की प्रक्रिया के साथ आवले के अपने जो विषिश्ट गुण धर्म है सभी का एक सुन्दर कौम्बिनेशन हमारे शरीर में महत्वपूर्ण हलचल उत्पन्न करके हमें ऊर्जा प्रदान करता है, साथ ही हमारे षरीर में जो कैमिकल रियेक्षन होते है वो हमे अदम्य साहस और उत्साह प्रदान करते है |

इस दिन भगवान विष्णु के पूजन का विधान है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार कार्तिक मास की नवमी तिथि को या कार्तिक शुक्ल पक्ष की नवमी से लेकर पूर्णिमा तक भगवान विष्णु  ने आवंले के पेड़ पर निवास किया था ।ऐसी मान्यता है कि आज के दिन द्वापर युग की शुरुआत हुई थी। यह  दिन भगवान विष्णु के पूजन का भी  दिन कहा जाता है। इसी दिन भगवान श्रीकृष्ण ने कंस-वध से पहले तीन वन की परिक्रमा करके क्रांति का शंखनाद किया था। इसी परंपरा का निर्वहन करते हुए लोग आज भी अक्षय नवमी पर असत्य के विरुद्ध सत्य की जीत के लिए मथुरा-धार व वृंदावन की परिक्रमा करते हैं। पुराणों में अक्षय नवमी को लेकर कई कथाएं हैं। नवमी के दिन आंवला को भोजन में सम्मलित करना व आंवले के वृक्ष का पूजन करने का महत्व है। इस दिन आंवले के वृक्ष की पूजा-अर्चना करने से अक्षय पुण्य, सुख एवं पुत्र रत्न की प्राप्ति होती है। आंवले के वृक्ष के नीचे भोजन करने से मनोकामनाएं पूरी होती है। कार्तिक शुक्ल नवमी अक्षय नवमी भी कहलाती है। इस दिन स्नान, पूजन, तर्पण तथा अन्न आदि के दान से अक्षय फल की प्राप्ति से इसका महत्व और भी बढ़ जाता है। वनस्पति विज्ञानी भी मानते हैं कि आंवला अत्यधिक पौष्टिक होता है। इसमें औषधीय गुण होते हैं। यह हमारे स्वास्थ्य के लिए अत्यंत गुणकारी है। औषधीय गुणों वाले पेड़ों व वनस्पतियों के संरक्षण का संदेश हमें इस पर्व से मिलता है, जो हमारे स्वस्थ जीवन के प्रति हमें जगरूप भी करता है।

If you are facing problems in your carrier, married life, child problem or any other issue related to your life concern with Acharya Indu Prakash “Worlds Best Astrologer”. He is one of the most recognised experts in the field of Astrology.

For More Details or Information Call – 9971-000-226.

To know more about yourself. watch ‘Bhavishyavani’ show.

Leave a Response