पूजा विधि

Mahashivratri 2026 15 या 16 फरवरी

Mahashivratri 2026: 15 या 16 फरवरी.. कब मनाई जाएगी महाशिवरात्रि?

महाशिवरात्रि भगवान शिव और माता पार्वती के दिव्य मिलन की पावन रात्रि है। हर साल की तरह 2026 में भी श्रद्धालुओं के मन में एक ही सवाल है, महाशिवरात्रि 15 या 16 फरवरी 2026 को कब मनाई जाएगी? पंचांग के अनुसार सही तिथि जानना अत्यंत आवश्यक है, ताकि पूजा और व्रत का पूर्ण फल प्राप्त […]

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हिंगलाज माता मंदिर

हिंगलाज माता मंदिर: पाकिस्तान के बलूचिस्तान में स्थित 51 शक्तिपीठों में एक दिव्य शक्तिपीठ

माता सती के 51 शक्तिपीठ हैं, जिनमे से एक शक्तिपीठ ऐसा भी है जो की पाकिस्तान के बलूचिस्तान में है| यह शक्तिपीठ हिंगलाज माता मन्दिर (Hinglaj Mata Mandir) के नाम से जाना जाता है, और यह पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रान्त के हिंगोल नदी के तट पर स्थित है। जब देवी सती ने आत्मदाह किया तो

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कुल देवता का महत्व और सही पूजा विधि

अनजाने में नई जगहों पर पूजा क्यों नहीं करनी चाहिए? | कुल देवता का महत्व और सही पूजा विधि

आज के बदलते समाज और आधुनिक जीवनशैली में लोग तेजी से आगे बढ़ रहे हैं, लेकिन इसी दौड़ में कई बार अपने पारंपरिक रीति-रिवाजों और कुल परंपराओं से दूर होते जा रहे हैं। शिक्षा और सफलता मह त्वपूर्ण है, परंतु अपनी जड़ों से जुड़े रहना भी उतना ही आवश्यक है। कई बार लोग किसी के

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इस दिन ना जलाएं घर में चूल्हा

इस दिन ना जलाएं घर में चूल्हा, मिलेगा यह फल

शीतला सप्तमी (Sheetla Saptmi) का पर्व हिन्दू पंचांग के अनुसार चैत्र मास के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि को मनाया जाता है। वर्ष 2026 में शीतला सप्तमी का व्रत 27 मार्च, बुधवार को रखा जाएगा। हालांकि कुछ क्षेत्रों में यह व्रत अष्टमी तिथि को भी मनाया जाता है। यह पर्व मुख्य रूप से उत्तर प्रदेश,

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Significance of Sankashti Ganesh Chaturthi

गणेश चतुर्थी व्रत का महत्व

भारतीय सनातन परंपरा में किसी भी शुभ कार्य से पहले जिनका स्मरण किया जाता है, वे हैं विघ्नहर्ता, मंगलकर्ता और बुद्धि के देवता Ganesha। गणेश चतुर्थी केवल एक त्योहार नहीं, बल्कि श्रद्धा, विश्वास और सकारात्मक ऊर्जा का उत्सव है। यह पर्व हमें सिखाता है कि जीवन में आने वाली हर बाधा को धैर्य, बुद्धि और

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शरद पूर्णिमा

शरद पूर्णिमा पर करिए धन के राजा कुबेर को प्रसन्न, पढ़ना होगा छोटा सा मंत्र

शरद पूर्णिमा का हिंदू धर्म में विशेष महत्व है। मान्यता है कि इस दिन चंद्रमा अपनी संपूर्ण 16 कलाओं के साथ आकाश में चमकता है और अमृत वर्षा करता है। वर्ष 2026 में शरद पूर्णिमा 24 अक्टूबर, शनिवार को मनाई जाएगी (तिथि अनुसार परिवर्तन संभव)। इस पावन रात्रि में धन के देवता कुबेर की उपासना

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नवरात्री में कलश स्थापना और पूजा की पूरी विधि

नवरात्री हिन्दुओ का पर्व है जिसमे माँ दुर्गा जी के प्रति आस्था प्रकट की जाती है, नवरात्री का अर्थ है नौ राते, इन नौ रातो में भक्त पुरे मन से देवी शक्ति (लक्ष्मी, सरस्वती, दुर्गा) के नौ रूपों की उपासना करते है. साल में नवरात्री चार बार चैत्र, आषाढ़, आश्विन, माघ महीने में आती है,

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महालक्ष्मी व्रत क्या है Mahalaxmi Vrat Significance in Hindi

महालक्ष्मी व्रत क्या है? | Mahalaxmi Vrat Significance in Hindi

महालक्ष्मी व्रत 16 दिनों तक चलने वाला एक अत्यंत पावन और शास्त्रसम्मत व्रत है। यह व्रत भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि से प्रारंभ होकर आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तक किया जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार यह व्रत माता लक्ष्मी की विशेष कृपा प्राप्त करने के लिए किया जाता

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धूमावती जयंती – कैसे आप हर काम सिद्धि प्राप्त कर सकते हैं ?

आज दस महाविद्याओं में से एक देवी धूमावती की जयंती है। ये तंत्र मंत्र की देवी हैं। इनकी उपासना से किसी भी शत्रु का नाश किया जा सकता है और शत्रुओं से छुटकारा पाया जा सकता है। आज के दिन देवी धूमावती के मंत्र का जाप करके आप अपने किसी भी काम में सिद्धि प्राप्त

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वट सावित्री व्रत महत्व और पूजन विधि

वट सावित्री व्रत: महत्व और पूजन विधि

वट सावित्री व्रत की कथा से यह शिक्षा मिलती है कि जीवनसाथी का साथ हर परिस्थिति में निभाना चाहिए। इस पर्व से यह भी ज्ञात होता है कि नारी में अद्भुत शक्ति होती है—वह अपने दृढ़ संकल्प और पतिव्रता धर्म के बल पर यमराज से भी अपने पति का जीवन वापस ला सकती है। यह

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